➤नुमाइश के नाम पर खुलेआम उड़ रही प्रशासन के नियमों की धज्जियां
➤सुरक्षा के नियमों को ताक पर रख नुमाइश में घूम रहे झूले
➤किसी भी अप्रिय घटना के लिए भी इंतजाम नाकाफी
➤शराब पीकर महिलाओं से छेड़छाड़ और लड़ाई झगडे कर रहे अराजक तत्व, नहीं कोई मॉनिटरिंग
➤पार्किंग में वाहन न लगाओ तो टायर हो रहे पंचर
➤घरेलू सिलेंडर का खुलेआम कॉमर्शियल उपयोग
➤ देर रात तक चल रही नुमाइश,कोई नहीं ले रहा सुध
हल्द्वानी वासियों के मनोरंजन को हर वर्ष एमबी इंटर कॉलेज में लगने वाली मनोरंजन प्रदर्शनी यानी की नुमाइश में इस साल आयोजक प्रसाशनिक नियमों की खुलेआम धज्जियां उड़ा रहे है। नियमानुसार रात दस बजे तक ही लगने वाली नुमाइश देर रात बारह कभी तो एक बजे तक चालू रह रही है,इतना ही नहीं नुमाइश में लगे झूलो में भी सुरक्षा के कोई खास इंतजाम नहीं है। लोहे के झूले बिजली की खुली तारों से गुजरते हुए घूम रहे है, झूलों में कोई इंस्ट्रक्शंस नहीं हे, किस उम्र के लिए ये झूला हे ये भी कहीं शो नहीं हो रहा। लकी ड्रा के नाम पर खुले आम चल रहे दाव। वहीं जहां कामर्शियल सिलेंडरों का इस्तेमाल किया जाना चाहिए वहां घरेलू सिलेंडर तक का उपयोग किया जा रहा है।
बीते दिनों देर रात खुलेआम तलवारे तक निकल आई थी -
इसके अलावा शहर की एकमात्र इस मनोरंजन प्रदर्शनी (नुमाइश) में किसी अप्रिय घटना की तैयारियों के सभी इंतजाम भी नाकाफी है।देर रात तक नुमाइश में शराब पीकर अराजक तत्व महिलाओं से छेड़छाड़ और लड़ाई झगड़ा कर रहे है।बीते दिनों तो यहां खुलेआम तलवारे तक निकल आई थी। इस दौरान लोगों ने किसी तरह अपनी जान बचाई। नुमाइश में यह हुडदंग प्रशासन के नाक के नीचे खुलेआम हो रहा है। ना जाने क्यों जिम्मेदार अधिकारी मूक दर्शक बने हुए हैं और किसी अप्रिय घटना का बस मानो इंतजार कर रहे हो।
पार्किंग में वाहन न लगाओ तो टायरों की निकल जा रही हवा-
नुमाइश में संचालकों की मनमानी किस तरह काबिज है इसका अंदाजा इस बात से लगाया जा सकता है कि अगर कोई व्यक्ति भूल से भी पार्किंग के बदले प्रदर्शनी स्थल के आस-पास वाहन खड़ा कर रहा है तो पार्किग वालो के गुर्गे वाहनों की हवा निकाल दे रहे है और कई वाहनों के टायरों में तो लोहे की सरिया से पंचर तक कर दे रहे है। ऐसी कई शिकायत स्थानीय लोगों द्वारा की जा रही है।
विवादों की नुमाइश भगवान भरोसे जारी है-
फिलहाल विवादों की नुमाइश जारी है और लोग अपनी फैमिली को लेकर बच्चों को लेकर बड़े चाव से यहां पहुंच रहे हैं इस बात से बेखबर होकर की नुमाइश में सुरक्षा तो ना के बराबर है। ऐसे में कुछअनहोनी हो जाती है तो सब कुछ भगवान भरोसे ही दिखाई दे रहा है।
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